Correct answer: (b) 2 और 3
व्याख्या
- A
2 और 4
विकल्प (a) दावा करता है कि कथन 2 और 4 सही हैं। जबकि कथन 2 सही है, कथन 4 गलत है क्योंकि ई-गवर्नेंस वास्तव में लालफीताशाही को बढ़ाता नहीं बल्कि कम करता है।
- B
2 और 3
विकल्प (b) यह बताता है कि ICT-आधारित ई-गवर्नेंस के संबंध में कथन 2 और 3 सही हैं। कथन 2 सही है क्योंकि डिजिटल प्रक्रियाओं से प्रशासनिक और संचालन लागत कम होती है। कथन 3 सही है क्योंकि ई-गवर्नेंस मंच नागरिकों की भागीदारी और सरकार में उनके इनपुट को बढ़ाते हैं। कथन 1 और 4 गलत हैं क्योंकि ई-गवर्नेंस पारदर्शिता बढ़ाता है और लालफीताशाही को घटाता है। इस प्रकार, यह विकल्प शासन में सूचना और संचार प्रौद्योगिकी के सकारात्मक प्रभावों की सही पहचान करता है।
- C
1, 2 और 3
विकल्प (c) में कथन 1 शामिल है, जो गलत तरीके से दावा करता है कि ई-गवर्नेंस पारदर्शिता को कम करता है। वास्तव में, डिजिटल शासन पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा देता है।
- D
2, 3 और 4
विकल्प (d) में कथन 4 शामिल है, जो गलत दावा करता है कि ई-गवर्नेंस नौकरशाही की लालफीताशाही को बढ़ाता है। आईसीटी हस्तक्षेप प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित करते हैं और अनावश्यक देरी को समाप्त करते हैं।
Summary. आधिकारिक कुंजी (b) है जो ICT-आधारित ई-गवर्नेंस से संबंधित है। कथन 1 गलत है क्योंकि ई-गवर्नेंस पारदर्शिता को कम करने के बजाय बढ़ाता है। कथन 2 सही है क्योंकि डिजिटल परिवर्तन से सरकार की लागत कम होती है। कथन 3 सही है क्योंकि ऑनलाइन पोर्टल नागरिकों की भागीदारी बढ़ाते हैं। कथन 4 गलत है क्योंकि ई-गवर्नेंस नौकरशाही की लालफीताशाही को कम करता है।