Revision summary
बिस्मार्क ने पुनर्निर्मित प्रशियाई सेना और डेनमार्क, ऑस्ट्रिया, फ्रांस से समयबद्ध युद्ध प्रयोग किए। 1866 ने ऑस्ट्रिया निकाला; 1867 ने उत्तर जर्मन संघ बनाया; 1871 ने वर्साय में साम्राज्य घोषित किया। क्लाइनडॉय्च मानचित्र ने ऑस्ट्रिया बाहर किया और प्रशियाई शक्ति फिट की। 1848 उदारवाद हारा; 1871 संविधान ने मजबूत सम्राट और सेना रखी। कुल्तुर्काम्फ, समाजवादी-विरोधी कानून और बाद का सैन्यवाद ऊपर से एकीकरण की आलोचनात्मक कीमत हैं।
Model answer
Introduction
ओटो फॉन बिस्मार्क, 1862 से प्रशिया के मंत्री-अध्यक्ष, ने 1871 में प्रशिया-नेतृत्व वाला जर्मन साम्राज्य बनाया। मूल्यांकन को रक्त-और-लोहा राज्यकला का श्रेय देना चाहिए और यह भी कहना चाहिए कि एकीकरण ने ऑस्ट्रिया बाहर किया, जर्मन उदारवाद हराया, और नीचे से उदार राष्ट्र के बजाय शक्तिशाली राजतंत्र बनाया।
Body
साधन: सेना, कूटनीति, तीन युद्ध
- 1862 में प्रशिया लैंडटैग से संवैधानिक संघर्ष ने बिस्मार्क को कर वसूलने और रून तथा मोल्टके के साथ सेना बढ़ाने दिया, जो बाद की जीतों का ‘रक्त और लोहा’ आधार है।
- श्लेसविग-होल्स्टाइन पर 1864 का डेनिश युद्ध प्रशिया को ऑस्ट्रिया के साथ खड़ा करता है, फिर वह झगड़ा बनाता है जिसकी बिस्मार्क को जरूरत थी।
- 1866 का ऑस्ट्रो-प्रशियन युद्ध, कोनिगग्रेट्ज (साडोवा) पर तय, ऑस्ट्रिया को जर्मन मामलों से निकालता है और 1867 का उत्तर जर्मन संघ प्रशिया के अधीन बनाता है।
- एम्स तार (1870) और 1870-71 का फ्रेंको-प्रशियन युद्ध दक्षिणी जर्मन राज्यों को लाते हैं; जनवरी 1871 में वर्साय में विलियम प्रथम जर्मन सम्राट घोषित होते हैं।
- कूटनीति विरोधियों को अलग करती है: 1866 में ऑस्ट्रिया के साथ नरम शांति, और जर्मन राजाओं को एकत्र करने के लिए फ्रांसीसी भय का प्रयोग, गणना दिखाते हैं, केवल युद्ध नहीं।
एकीकरण ने क्या पाया
- क्लाइनडॉय्च समाधान ने हैब्सबर्ग ऑस्ट्रिया के बिना अधिकांश जर्मन भाषियों को जोड़ा, जो एकमात्र मानचित्र था जिसे प्रशिया वास्तव में चला सकता था।
- सीमाशुल्क और कानूनी केंद्र (पहले जोलवेराइन, फिर साम्राज्यिक संस्थाएँ) होहेनजोलर्न के अधीन एक बाजार और एक सेना बनाते हैं।
- बिस्मार्क ने बाद में द्वैध गठबंधन और तीन सम्राटों की लीग से यूरोप चलाया ताकि नया राइख जन्म पर घिरा न हो।
आलोचनात्मक सीमाएँ
- 1848 फ्रैंकफर्ट उदारवादी नीचे से संविधान चाहते थे; बिस्मार्क ने दरबार और जनरल स्टाफ से एकीकरण किया, इसलिए 1871 संविधान में संसद कमजोर रही।
- कुल्तुर्काम्फ और समाजवादी-विरोधी कानून दिखाते हैं कि चांसलर कैथोलिकों और मजदूरों से उतना ही डरते थे जितना फ्रांस से।
- 1880 के दशक का सामाजिक बीमा औद्योगिक शांति खरीदता है; वह लोकतांत्रिक जर्मन राष्ट्र नहीं बनाता।
- एकीकरण इसलिए प्रशियाई शक्ति के रूप में सफल हुआ और एक सैन्यीकृत, सम्राट-प्रधान राज्य छोड़ा जिसका बाद का विल्हेल्मीन मार्ग 1890 के बाद बिस्मार्क स्वयं पूरी तरह नहीं चला सके।
Flow diagram
flowchart TD A[सेना रून मोल्टके] --> W[1864 1866 1870] D[कूटनीति अलगाव] --> W W --> E[साम्राज्य 1871] E --> L[कमजोर संसद सैन्यवाद]
Conclusion
बिस्मार्क ने प्रशियाई शस्त्र, समयबद्ध युद्धों, और ऑस्ट्रिया तथा फ्रांस के अलगाव से जर्मनी एक किया, जिसका शिखर 1871 है। मूल्यांकन अधूरा है यदि यह न जोड़ा जाए कि यह 1848 का उदार राष्ट्र नहीं, ऊपर से क्लाइनडॉय्च एकीकरण था, और साम्राज्य का सैन्यवाद उसी उपलब्धि का भाग था।
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क्या बिस्मार्क उदार जर्मनी चाहते थे?
नहीं। वे प्रशिया-नेतृत्व वाला साम्राज्य चाहते थे। उन्होंने राष्ट्रवाद प्रयोग किया; संप्रभुता फ्रैंकफर्ट सभा को नहीं दी।
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ऑस्ट्रिया क्यों बाहर?
हैब्सबर्गों वाला ग्रोसडॉय्चलैंड बर्लिन से नहीं चल सकता था। 1866 के युद्ध ने क्लाइनडॉय्च समाधान को तथ्य बना दिया।
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