Q5 · UPPSC PCS मुख्य परीक्षा 2021 · GS II · 8 अंक · कक्ष में ~125 शब्द · 1 min read

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भारत में केन्द्र और राज्यों के वित्तीय सम्बन्ध का वर्णन कीजिए।

विषय: Finance Commission. पाठ्यक्रम: Role of the Finance Commission in Centre-State financial relations. वही आधिकारिक प्रश्न वर्ष 2021 और Finance Commission से।

Revision summary

संघ और राज्य सूचियाँ प्रमुख कर बाँटती हैं; जीएसटी ने कई बँटे अप्रत्यक्ष कर बदले। अनुच्छेद 270 और वित्त आयोग विभाज्य पूल में राज्यों का अंश तय करते हैं। अनुच्छेद 275 सहायता अनुदान गरीब राज्यों की मदद करता है। केंद्र प्रायोजित योजनाएँ बँधा धन जोड़ती हैं जिसका राज्य सह-वित्त करते हैं। अनुच्छेद 293 ऋण में केंद्र का बकाया हो तो संघ सहमति चाहिए।

Model answer

Introduction

भारतीय संघीय वित्त करों का संवैधानिक आवंटन, साझा पूल और अनुदान है, केवल वार्षिक राजनीति का सौदा नहीं। वर्णन में संघ-राज्य सूचियाँ, वित्त आयोग अंतरण, जीएसटी और ऋण सीमाएँ आनी चाहिए।

Body

कर आवंटन

  • संघ सूची में सीमा शुल्क, निगम कर और अवशिष्ट संघ उगाही हैं; राज्य सूची में मद्य उत्पाद शुल्क, निर्दिष्ट लिखतों पर स्टांप और कई स्थानीय-प्रकार कर हैं।
  • समवर्ती-अवशिष्ट डिज़ाइन तथा अनुच्छेद 268–269 ने कुछ शुल्क बाँटे; जीएसटी ने अनेक अप्रत्यक्ष कर द्वैध केंद्र–राज्य उगाही में समेटे।

अंश और अनुदान

  • अनुच्छेद 270 और वित्त आयोग विभाज्य पूल में राज्यों का अंश तथा अनुच्छेद 275 के अधीन सहायता अनुदान सुझाते हैं।
  • जीएसटी दोनों लगाते हैं, जीएसटी परिषद के साथ; राज्यों को मुआवजा समयबद्ध राजनीतिक जोड़ था, स्थायी संवैधानिक अंश नहीं।
  • केंद्र प्रायोजित योजनाएँ उद्देश्य-बद्ध धन जोड़ती हैं जिसका राज्य सह-वित्त करते हैं, रूप में अतिरिक्त-संवैधानिक पर व्यवहार में बड़ा।

ऋण और नियंत्रण

  • अनुच्छेद 293 राज्यों को ऋण लेने देता है, पर केंद्र का बकाया हो तो संघ सहमति चाहिए, जो दिल्ली को लीवर देती है।
  • वित्त आयोग और एफआरबीएम-सदृश नियम किसी एक बजट भाषण से अधिक राजकोषीय स्थान गढ़ते हैं।

Flow diagram

flowchart TD
  T[कर सूचियाँ] --> U[संघ लोचदार कर]
  T --> S[राज्य स्वकर]
  U --> FC[वित्त आयोग अंश]
  FC --> ST[राज्य बजट]
  G[अनुदान और सीएसएस] --> ST
  GST[द्वैध जीएसटी] --> ST

Conclusion

केंद्र–राज्य वित्तीय संबंध सूचीवार कर, वित्त आयोग अंतरण और अनुदान, द्वैध जीएसटी, योजना निधि और नियंत्रित राज्य ऋण पर टिके हैं। संघ के बड़े लोचदार कर वैधानिक अंश के बाद भी राज्यों को संरचनात्मक रूप से निर्भर रखते हैं।

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  • क्या राज्यों को सभी संघ करों का अंश मिलता है?

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  • क्या जीएसटी केवल केंद्रीय कर है?

    नहीं। यह द्वैध है: अंतःराज्य पर सीजीएसटी प्लस एसजीएसटी, अंतर-राज्य पर आईजीएसटी, आबंटन नियमों के साथ।

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